- अखिलेश यादव पर तीखा हमला करते हुए उप मुख्यमंत्री ने वंदे मातरम् के गान को बीच में रोकने पर कांग्रेस को घेरा, राष्ट्रगीत और भारत माता के अपमान का लगाया आरोप
Bharat 19/ कानपुर। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मेडिकल कॉलेज के मुद्दे पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा कटाक्ष करते हुए कहा कि जिनके परिवार में केवल ‘लठैत’ हैं, वे शिक्षा को क्या समझेंगे। उन्होंने कहा कि संबंधित मेडिकल कॉलेजों में काउंसलिंग चल रही है और वहां पढ़ने वाले छात्र व पढ़ाने वाले शिक्षक मौजूद हैं। यदि अखिलेश यादव के परिवार में भी पढ़ने वाले लोग हैं तो वे इन संस्थानों में जाकर पढ़ सकते हैं। मौर्य ने इसी के साथ कांग्रेस पर भी हमलावर रहे। उन्होंने कांग्रेस मुख्यालय में सोनिया गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी की मौजूदगी में ‘वंदे मातरम्’ को बीच में रोके जाने का आरोप लगाते हुए इसे राष्ट्रगीत और भारत माता का अपमान बताया। उन्होंने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व से इस मामले में देश से तत्काल माफी मांगने की मांग की।
वंदे मातरम् के छह छंदों का भी किया जिक्र
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘वंदे मातरम्’ के छह छंदों में भारत माता को देवी दुर्गा, सरस्वती और लक्ष्मी के रूप में पूजने का भाव है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस तुष्टिकरण की राजनीति के कारण इससे जुड़ी राष्ट्रीय भावना को स्वीकार नहीं कर पा रही है। मौर्य ने इस कथित अपमान को 1947 में देश के विभाजन की मानसिकता से जोड़ते हुए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।
एंबुलेंस मुद्दे पर विपक्ष की बयानबाजी पर निशाना
एंबुलेंस सुविधा को लेकर विपक्ष पर निशाना साधते हुए मौर्य ने कहा कि 25 करोड़ की आबादी वाले प्रदेश में किसी एक घटना को पूरी व्यवस्था से जोड़कर पेश करना चुनाव को देखते हुए की जा रही कोरी राजनीतिक बयानबाजी है। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश के हर नागरिक को जरूरत पड़ने पर एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह संकल्पित है और इस दिशा में लगातार काम कर रही है।
वैचारिक नक्सलवाद’ के खिलाफ जन जागरण का आह्वान
मौर्य ने समाज और भाजपा कार्यकर्ताओं से ‘अर्बन और वैचारिक नक्सलवाद’ के खिलाफ जनजागरण अभियान चलाने और इसका पुरजोर विरोध करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रगीत और राष्ट्रीय प्रतीकों के सम्मान से जुड़े मुद्दों पर समाज को जागरूक करने की जरूरत है।


