- 451 के खिलाफ की गई कार्रवाई और चार से वसूला शमन शुल्क
भारत19 न्यूज
कानपुर। प्रदेश में लागू वाहन टैगिंग व्यवस्था को लेकर व्यापारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। व्यापारियों ने आरोप लगाया है कि जुलाई और अगस्त में प्रयोग के तौर पर लागू की गई वाहन टैगिंग व्यवस्था के दौरान ही उन्हें नोटिस जारी किए जा रहे हैं और जुर्माना वसूला जा रहा है। व्यापारियों ने इस व्यवस्था को स्थगित करने के साथ जारी किए गए नोटिस वापस लेने की मांग की है।
भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र के नेतृत्व में व्यापारियों ने विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखीं। व्यापारियों ने कहा कि प्रयोग के तौर पर लागू व्यवस्था में तकनीकी या मानवीय त्रुटि होने पर व्यापारियों और उद्यमियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करना उचित नहीं है।
451 व्यापारियों-उद्यमियों पर कार्रवाई का आरोप
व्यापारियों के मुताबिक, वाहन टैगिंग में तकनीकी या मानवीय त्रुटियों के चलते प्रदेश में 451 व्यापारियों और उद्यमियों पर दंडात्मक कार्रवाई की गई है। इनमें से चार व्यापारियों से शमन शुल्क भी वसूला गया है। व्यापारियों का कहना है कि जब व्यवस्था अभी प्रयोग के तौर पर लागू है तो इसके आधार पर नोटिस और शमन शुल्क की कार्रवाई से कारोबारियों का उत्पीड़न हो रहा है।
कृषि विपणन राज्यमंत्री से वार्ता का भी नहीं हुआ समाधान
व्यापारियों ने बताया कि वाहन टैगिंग व्यवस्था को वापस लेने की मांग को लेकर लखनऊ में कृषि विपणन राज्यमंत्री दिनेश प्रताप सिंह से भी मुलाकात की गई थी। वार्ता के दौरान व्यापारियों ने व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं और तकनीकी दिक्कतों की जानकारी दी थी। व्यापारियों के अनुसार, राज्यमंत्री ने वाहन टैगिंग व्यवस्था स्थगित करने और मामले की समीक्षा के लिए कमेटी गठित करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कमेटी का गठन नहीं हुआ है।
ग्रामीण व्यापारियों के सामने तकनीकी चुनौती
व्यापारियों का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में कारोबारी तकनीकी संसाधनों और डिजिटल दक्षता के अभाव में वाहन टैगिंग व्यवस्था का सही तरीके से पालन नहीं कर पा रहे हैं। इसका असर किसानों पर भी पड़ रहा है। व्यापारियों के मुताबिक, व्यवस्था में आने वाली तकनीकी दिक्कतों के कारण किसानों को अपने कृषि उत्पादों की बिक्री में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। व्यापारियों ने मांग की कि वाहन टैगिंग व्यवस्था के साथ जारी किए गए सभी नोटिस वापस लिए जाएं और गेट पास की समय सीमा समाप्त की जाए। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने इस मामले में कृषि विपणन राज्य मंत्री से बातचीत करने का आश्वासन दिया। इस दौरान जिलाध्यक्ष विजय गुप्ता गोरे, महामंत्री मनीष गुप्ता सलोने, अनुराग जायसवाल, केके गुप्ता, प्रवीन दीक्षित, कुंदन शर्मा आदि मौजूद रहे।


