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चलती कार का फटा CNG सिलेंडर, दो विधायक समेह छह घायल

  • दिल्ली के ITO पर बेकाबू स्विफ्ट डिवाइडर पार कर दूसरी लेन में पहुंचकर इनोवा से टकराई, सिलेंडर या CNG सिस्टम में खराबी की जांच शुरू

भारत 19 नई दिल्ली। दिल्ली के व्यस्त ITO इलाके में रविवार रात चलती स्विफ्ट कार में हुए CNG सिलेंडर में ऐसा हादसा हुआ कि वाहन डिवाइडर और रेलिंग पार कर दूसरी लेन में जा घुसा। सामने से आ रही इनोवा से जोरदार टक्कर में दिल्ली और कर्नाटक के दो विधायकों समेत छह लोग घायल हो गए। हादसे के बाद अब जांच की दिशा उस सवाल पर टिक गई है, जिसने इस पूरी दुर्घटना को साधारण सड़क हादसे से अलग बना दिया है, चलती कार में आखिर क्या हुआ कि CNG सिलेंडर में धमाका हुआ और वाहन चालक के नियंत्रण से बाहर हो गया। 

रविवार रात करीब साढ़े नौ बजे PWD कार्यालय के पास लक्ष्मी नगर की ओर से आ रही स्विफ्ट कार में आशुतोष पांडेय, उनकी पत्नी और दो बच्चे सवार थे। शुरुआती जानकारी के मुताबिक CNG में विस्फोट के बाद कार अनियंत्रित हो गई और डिवाइडर से टकराने के बाद रेलिंग तोड़ती हुई दूसरी लेन में पहुंच गई और इनोवा से टकरा गई। इनोवा में दिल्ली के किराड़ी विधायक अनिल झा और कर्नाटक के विधायक अभय पाटिल सवार थे। दोनों विधायकों के अलावा स्विफ्ट में सवार दंपती और उनके दो बच्चे घायल हुए। सभी घायलों को LNJP अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई गई। हादसे में दोनों वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और व्यस्त ITO मार्ग पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा।

हादसे से ज्यादा धमाके की वजह अहम

पुलिस की जांच का सबसे महत्वपूर्ण बिंदु अब CNG सिलेंडर में विस्फोट की वास्तविक वजह है। जांच में यह देखा जाएगा कि क्या सिलेंडर में कोई तकनीकी खराबी थी, वाल्व या पाइप लाइन में समस्या आई थी, गैस रिसाव हुआ था या CNG किट के किसी हिस्से ने जवाब दे दिया। यह भी स्पष्ट किया जाना बाकी है कि विस्फोट वास्तव में सिलेंडर फटने से हुआ या CNG सिस्टम के किसी अन्य हिस्से में खराबी के कारण। तकनीकी और फॉरेंसिक जांच पूरी होने से पहले किसी एक कारण को हादसे की अंतिम वजह नहीं माना जा सकता।

किन स्थितियों में CNG सिस्टम बन सकता है खतरनाक?

CNG को अत्यधिक दबाव में संग्रहित किया जाता है और मानक उपकरणों के साथ लगा सिस्टम सामान्य परिस्थितियों में सुरक्षित माना जाता है। लेकिन गंभीर तकनीकी खराबी या रखरखाव में लापरवाही जोखिम बढ़ा सकती है।

गैस रिसाव और चिंगारी : वाल्व, पाइपलाइन या फिटिंग से गैस रिसाव होने पर किसी चिंगारी या आग के संपर्क में आने से आग या विस्फोट की स्थिति बन सकती है।

सिलेंडर में जंग या संरचनात्मक नुकसान : नमी, जंग या किसी पुराने हादसे में लगी चोट सिलेंडर की मजबूती को प्रभावित कर सकती है।

खराब या गैर-मानक फिटिंग : अनधिकृत CNG किट, खराब वाल्व या गलत फिटिंग से सिस्टम में तकनीकी जोखिम बढ़ सकता है।

अत्यधिक गर्मी या आग की चपेट : आग या अत्यधिक तापमान के संपर्क में आने से सिलेंडर और उसके सुरक्षा उपकरण प्रभावित हो सकते हैं।

टक्कर के बाद जांच के बिना इस्तेमाल : दुर्घटना में सिलेंडर, माउंटिंग या वाल्व को नुकसान पहुंचा हो और तकनीकी जांच न कराई गई हो तो खतरा बढ़ सकता है।

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