- नाली-सीवर से लेकर स्ट्रीट लाइट और अतिक्रमण तक की समस्या, डीएम ने इस्पात नगर का स्थलीय निरीक्षण कराने का दिया भरोसा
भारत 19
कानपुर। जिस सड़क से रोजाना उद्योगों तक माल और कच्चा माल पहुंचता है, उन पर झाड़ियों ने रास्ता घेरना शुरू कर दिया है। कानपुर के इस्पात नगर औद्योगिक क्षेत्र में सड़क, नाली और सीवर की बदहाल व्यवस्था के साथ अतिक्रमण और स्ट्रीट लाइट की कमी से उद्यमी परेशान हैं। अरसे से रखरखाव नहीं होने से कई हिस्सों में सड़क किनारे झाड़ियां इतनी बढ़ गई हैं कि औद्योगिक क्षेत्र की तस्वीर बदलती जा रही है। औद्योगिक क्षेत्र की समस्याओं को उद्यमियों ने डीएम के समक्ष मामला उठाया तो उन्होंने स्थलीय निरीक्षण करने का भरोसा दिया है। इससे उद्यमियों को लंबे समय से चली आ रही समस्याओं के समाधान की उम्मीद जगी है।
सड़क पर झाड़ियां, अतिक्रमण से आवागमन प्रभावित
फीटा के महासचिव उमंग अग्रवाल ने जिलाधिकारी को बताया कि इस्पात नगर में कई जगह सड़कें बदहाल हैं। सड़क किनारे और कुछ हिस्सों में उगी झाड़ियों के अलावा अतिक्रमण के कारण आवागमन भी प्रभावित हो रहा है। नियमित सफाई और रखरखाव नहीं होने से कई स्थानों पर स्थिति खराब होती जा रही है। उद्यमियों का कहना है कि औद्योगिक क्षेत्र में सड़कें केवल आवागमन का माध्यम नहीं हैं, बल्कि माल ढुलाई और रोजमर्रा के औद्योगिक कामकाज के लिए भी जरूरी हैं। ऐसे में सड़कों की खराब स्थिति सीधे कामकाज को प्रभावित करती है।
नाली और सीवर की व्यवस्था भी बनी समस्या
इस्पात नगर में जल निकासी और सीवर व्यवस्था को लेकर भी उद्यमियों ने शिकायत की है। कई स्थानों पर नालियों की स्थिति ठीक नहीं होने से क्षेत्र के रखरखाव को लेकर सवाल उठ रहे हैं। उद्यमियों ने सड़क और नाली की व्यवस्था दुरुस्त कराने के साथ सीवर व्यवस्था को भी व्यवस्थित करने की मांग की है, ताकि औद्योगिक क्षेत्र में रोजमर्रा की गतिविधियां प्रभावित न हों।
स्ट्रीट लाइट की कमी, शाम बाद बढ़ती परेशानी
उद्यमियों के मुताबिक क्षेत्र में पर्याप्त स्ट्रीट लाइट भी नहीं हैं। शाम के बाद प्रकाश की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से आवागमन में परेशानी होती है। उद्यमियों ने औद्योगिक क्षेत्र में खराब या बंद पड़ी लाइटों को दुरुस्त कराने और जहां जरूरत है वहां नई स्ट्रीट लाइट लगाने की मांग की है।
डीएम ने कहा- क्षेत्र का करेंगे स्थलीय निरीक्षण
उद्यमियों की समस्याएं सुनने के बाद जिलाधिकारी ने स्वयं जानकारी करने और इस्पात नगर का स्थलीय निरीक्षण करने का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि नगर निगम को हस्तांतरित क्षेत्र के विकास और रखरखाव की जिम्मेदारी नगर निगम की होगी। डीएम के आश्वासन के बाद उद्यमियों ने उम्मीद जताई कि निरीक्षण के बाद सड़क, नाली, सीवर, प्रकाश व्यवस्था और अतिक्रमण से जुड़ी समस्याओं पर कार्रवाई होगी।
उद्यमियों ने कहा, सुविधाओं के बिना कैसे चले उद्योग
शिव कुमार गुप्ता, प्रदीप केडिया और मनीष मतानी आदि उद्यमियों ने कहा कि इस्पात नगर में उद्योग संचालित करने वालों को सड़क, नाली, सीवर और प्रकाश जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए भी परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने औद्योगिक क्षेत्र के विकास के साथ नियमित सफाई और रखरखाव की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की। उनका कहना है कि क्षेत्र की आधारभूत सुविधाएं बेहतर होने से उद्योगों के संचालन में भी सहूलियत होगी।
पहले भी उठता रहा है इस्पात नगर का मुद्दा
इस्पात नगर की बदहाली का मुद्दा पहले भी उठता रहा है। उद्यमी लंबे समय से जर्जर सड़क, जल निकासी, सीवर, स्ट्रीट लाइट और अतिक्रमण जैसी समस्याओं की ओर ध्यान दिलाते रहे हैं। अब सड़कों पर बढ़ती झाड़ियों ने भी इस समस्या को सामने ला दिया है। ऐसे में जिलाधिकारी के स्थलीय निरीक्षण के आश्वासन के बाद उद्यमी कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।

