- नजीबाबाद की नजीबुद्दौला मस्जिद से माइक और एम्पलीफायर जब्त; मोहम्मद फैजान के खिलाफ मुकदमा दर्ज, गलत रिपोर्ट देने के आरोप में सिपाही ललित कुमार निलंबित
भारत 19/ लखनऊ। बिजनौर जिले के नजीबाबाद में अजान के दौरान लाउड स्पीकर की आवाज निर्धारित मानकों से अधिक होने पर एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई के निर्देश पर नजीबुद्दौला मस्जिद से लाउड स्पीकर के साथ माइक और एम्पलीफायर जब्त कर लिए गए। पुलिस ने मोअज्जिन मोहम्मद फैजान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया है। वहीं नियमों के पालन को लेकर गलत रिपोर्ट देने के आरोप में सिपाही ललित कुमार को निलंबित किया गया है।
एसपी के निरीक्षण के बाद हुई कार्रवाई
शनिवार, 10 अक्टूबर को दोपहर में मस्जिद में जौहर की अजान के दौरान लाउड स्पीकर की आवाज सड़क तक सुनाई दे रही थी। इसी दौरान वहां पहुंचे एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने ध्वनि स्तर की जांच के निर्देश दिए। पुलिस ने निर्धारित मानकों के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए माइक और एम्पलीफायर जब्त कर लिए। मामले में दरोगा सौरभ सिंह की ओर से नजीबाबाद थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, मोहम्मद फैजान को गिरफ्तार कर एसडीएम की अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
गलत रिपोर्ट देने के आरोप में सिपाही निलंबित
एसपी ने सिपाही ललित कुमार को ध्वनि मानकों के पालन से संबंधित गलत रिपोर्ट देने के आरोप में निलंबित किया है। अधिकारियों ने जिले के थाना प्रभारियों को धार्मिक स्थलों पर लाउड स्पीकर के इस्तेमाल की निगरानी करने और नियमों के उल्लंघन पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। घटना के बाद जिलाधिकारी उमेश प्रताप सिंह और एसपी ने नजीबाबाद में धार्मिक स्थलों का निरीक्षण भी किया। अधिकारियों ने संबंधित लोगों को ध्वनि विस्तारक यंत्रों की आवाज निर्धारित मानकों के अनुरूप रखने की हिदायत दी।
ध्वनि प्रदूषण के नियम सभी पर लागू
धार्मिक स्थलों सहित सभी जगहों पर लाउडस्पीकर का इस्तेमाल ध्वनि प्रदूषण संबंधी नियमों के अधीन है। अनुमत ध्वनि सीमा क्षेत्र की श्रेणी और दिन या रात के समय के अनुसार अलग-अलग होती है। नियमों का उद्देश्य अनावश्यक शोर से होने वाली परेशानी को नियंत्रित करना है। बिजनौर पुलिस ने इस मामले को ध्वनि मानकों के पालन से जुड़ी कार्रवाई बताया है। मुकदमे में आरोपों की अंतिम स्थिति न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।


