- अखिलेश की रायबरेली यात्रा पर अजय राय का जवाब- हम भी इटावा, कन्नौज, मैनपुरी जाएंगे; शिवपाल बोले- कांग्रेस को वहां वोट नहीं मिलेंगे
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के बीच सियासी बयानबाजी तेज होती दिख रही है। समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के संसदीय क्षेत्र रायबरेली से पीडीए रथयात्रा शुरू की। इसके बाद यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि अगर अखिलेश यादव रायबरेली और अमेठी जा सकते हैं तो कांग्रेस नेता भी इटावा, कन्नौज और मैनपुरी जा सकते हैं। अब सपा के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने अजय राय के बयान पर प्रतिक्रिया दी है।
अजय राय बोले- कोई कहीं भी जा सकता है
अजय राय ने अखिलेश यादव की रायबरेली यात्रा पर कहा कि चुनाव का समय है और कोई भी नेता किसी भी क्षेत्र में जा सकता है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव रायबरेली-अमेठी जा सकते हैं तो कांग्रेस भी कन्नौज, इटावा और सैफई/मैनपुरी जा सकती है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी अपने स्तर पर लगातार काम कर रही है। अजय राय की इस टिप्पणी को सपा के प्रभाव वाले क्षेत्रों में कांग्रेस की राजनीतिक सक्रियता बढ़ाने के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, अभी इन क्षेत्रों में किसी निश्चित रैली की तारीख या कार्यक्रम की घोषणा सामने नहीं आई है।
शिवपाल बोले- अभियान चलाएं, वोट नहीं मिलेंगे
अजय राय के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सपा के राष्ट्रीय महासचिव और जसवंतनगर विधायक शिवपाल यादव ने कहा कि “किसी को कहीं जाने पर रोक है? जाएं, अभियान चलाएं, फिर वहां तो कांग्रेस को वोट मिलना नहीं है।” शिवपाल ने विशेष रूप से जसवंतनगर का जिक्र करते हुए कांग्रेस को वहां चुनावी सक्रियता की चुनौती दी और कहा कि इस सीट पर सपा की रिकॉर्ड जीत का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। ये शिवपाल यादव का राजनीतिक दावा है, चुनाव परिणाम का पूर्वानुमान नहीं।
रायबरेली से अखिलेश ने शुरू की पीडीए यात्रा
अखिलेश यादव ने 24 सितंबर को रायबरेली से अपनी पीडीए रथयात्रा शुरू की। सपा के मुताबिक यह अभियान संगठन और कार्यकर्ताओं के बीच संवाद तथा आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जुड़ा है। रायबरेली से यात्रा शुरू होने के बाद कांग्रेस की ओर से अजय राय की प्रतिक्रिया सामने आई। रायबरेली कांग्रेस के मजबूत राजनीतिक क्षेत्रों में रहा है, जबकि इटावा, कन्नौज, मैनपुरी और सैफई का क्षेत्र समाजवादी पार्टी की राजनीति से लंबे समय से जुड़ा रहा है। इसी पृष्ठभूमि में दोनों नेताओं के बयान को 2027 की चुनावी तैयारियों के संदर्भ में देखा जा रहा है।
सपा-कांग्रेस में सीटों को लेकर भी बयानबाजी
यूपी में सपा और कांग्रेस ने 2024 का लोकसभा चुनाव गठबंधन के तहत लड़ा था। अब 2027 विधानसभा चुनाव से पहले दोनों दलों के नेताओं के बीच सीट बंटवारे और अपने-अपने प्रभाव वाले क्षेत्रों में सक्रियता को लेकर बयान सामने आ रहे हैं। हालिया बयानों में कांग्रेस की ओर से इटावा, कन्नौज और मैनपुरी में जाने की बात तथा सपा की ओर से इसका जवाब सामने आया है। अजय राय ने यह भी कहा है कि सीटों को लेकर दोनों दलों का नेतृत्व स्तर पर बातचीत होगी और अक्टूबर में तस्वीर स्पष्ट होने की बात कही गई है।
जसवंतनगर पर शिवपाल ने फिर जताया दावा
शिवपाल यादव लंबे समय से जसवंतनगर विधानसभा क्षेत्र की राजनीति में प्रमुख भूमिका में रहे हैं। अपने ताजा बयान में उन्होंने कांग्रेस की संभावित सक्रियता के बावजूद जसवंतनगर में सपा के प्रदर्शन को लेकर दावा किया है। यह बयान ऐसे समय आया है जब यूपी में विधानसभा चुनाव को अभी समय है और सपा-कांग्रेस के बीच गठबंधन को लेकर सीटों की तस्वीर पूरी तरह सामने नहीं आई है। इसलिए फिलहाल नेताओं के बयानों को राजनीतिक दावों और प्रतिक्रियाओं के रूप में ही देखा जाना चाहिए।


