- थाना और 12 सुरक्षा गार्ड के बावजूद चोरी से आक्रोश, कारोबार बंद कर तीन घंटे धरना, 15 गार्ड और रात में पुलिस गश्त बढ़ाने का आश्वासन
भारत 19
कानपुर। नौबस्ता गल्ला मंडी में एक साथ 10 दुकानों में चोरी और चोरी के प्रयास की घटनाओं से व्यापारियों में आक्रोश फैल गया। मंगलवार को कारोबार बंद कर व्यापारियों ने मंडी का मुख्य गेट बंद किया और तख्त डालकर करीब तीन घंटे धरना दिया। इस दौरान पुलिस और मंडी प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की गई। व्यापारियों का सवाल था कि मंडी परिसर में थाना और सुरक्षा गार्ड होने के बावजूद चोर लगातार वारदात को अंजाम कैसे दे रहे हैं।
छत तोड़कर दुकानों में घुसने की कोशिश
व्यापारियों के मुताबिक, परसों रात मंडी की कई दुकानों को निशाना बनाया गया। सोमवार को दुकान खोलने पहुंचे कारोबारियों को चोरी की जानकारी हुई। मंगलवार को कुछ अन्य दुकानदारों ने भी अपनी दुकानों की छत तोड़कर अंदर घुसने के प्रयास के निशान देखे। व्यापारियों का दावा है कि कुल 10 दुकानों में चोरी या चोरी का प्रयास हुआ है। कारोबारियों का कहना है कि मंडी में पहले भी चोरी की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन कई मामलों का अब तक खुलासा नहीं हुआ। इससे नई वारदातों के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नाराजगी और बढ़ गई।
मंडी में थाना फिर भी सुरक्षा पर सवाल
व्यापारियों ने बताया कि थाना हनुमंत विहार मंडी परिसर के अंदर है, जबकि मंडी समिति की ओर से 12 सुरक्षा गार्ड भी तैनात हैं। इसके बावजूद चोरों के मंडी में पहुंचने और दुकानों को निशाना बनाने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। व्यापारियों ने रात में पुलिस गश्त बढ़ाने और मंडी की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने की मांग की। धरने के दौरान मंडी सचिव विजिन बलियान और पुलिस अधिकारियों ने व्यापारियों से वार्ता की। उन्होंने मौजूदा चोरी की घटनाओं का जल्द खुलासा कराने का भरोसा दिया। मंडी सचिव ने सुरक्षा गार्डों की संख्या 12 से बढ़ाकर 15 करने का आश्वासन दिया। साथ ही रात में पुलिस गश्त बढ़ाने के लिए डीसीपी साउथ को पत्र भेजने की बात कही।
खुलासा नहीं हुआ तो मंडी बंद करने की चेतावनी
भारतीय कृषि उत्पाद उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के राष्ट्रीय अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र ने कहा कि लगातार चोरी और चोरी के प्रयास गंभीर चिंता का विषय हैं। उन्होंने कहा कि पुरानी घटनाओं का भी खुलासा नहीं हुआ है। मौजूदा मामलों में जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन तेज किया जाएगा। जिला वरिष्ठ महामंत्री गोपाल शुक्ला, जिला महामंत्री अर्जित गुप्ता अज्जू और उदयभान सिंह पटेल ने कहा कि नए नियम-कानून और वाहन टैगिंग समेत अन्य व्यवस्थाओं से व्यापार पहले ही प्रभावित है। चोरी की घटनाओं ने परेशानी और बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि जल्द खुलासा नहीं हुआ तो मंडी को अनिश्चितकाल के लिए बंद करने का निर्णय लिया जा सकता है।
प्रदर्शन का नेतृत्व ज्ञानेश मिश्र, गोपाल शुक्ला, अर्जित गुप्ता अज्जू, उदयभान सिंह पटेल और जिला कोषाध्यक्ष राजेंद्र मिश्र ने किया। मंडी सचिव और पुलिस के आश्वासन के बाद धरना समाप्त हुआ। प्रदर्शन में अनुज त्रिपाठी, शिव परिहार, पंकज तोमर, रजत गुप्ता, आनंद मिश्रा, अनीस शुक्ला, संदीप तिवारी, अजय गुप्ता सोनी, श्यामजी गुप्ता, महेंद्र गुप्ता, आनंद गुप्ता, पंकज पांडेय, विनोद गुप्ता, दीपक गुप्ता, अनिल दीक्षित, अंकित गुप्ता, महेश गुप्ता, हरिकिशन गुप्ता, संजय राठौर, राजू गुप्ता आदि मौजूद रहे।


