- 5 सितंबर से शुरू होगा आवेदन, चार अक्टूबर तक मौका; तीन नवंबर को होगी परीक्षा
भारत 19
BHARAT 19 लखनऊ। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने स्पेशल टीईटी 2026 का नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 5 सितंबर से शुरू होकर 4 अक्टूबर 2026 तक चलेगी। परीक्षा 3 नवंबर को ऑफलाइन ओएमआर आधारित होगी। यह परीक्षा खास तौर पर प्रदेश में कार्यरत प्राथमिक और उच्च प्राथमिक शिक्षकों के साथ विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को पढ़ाने वाले पात्र विशेष शिक्षकों के लिए अहम है।
सेवारत शिक्षकों को टीईटी हासिल करने का मौका
स्पेशल टीईटी में कक्षा एक से पांच के लिए पेपर-1 और कक्षा छह से आठ के लिए पेपर-2 होगा। सरकारी, स्थानीय निकाय और सहायता प्राप्त विद्यालयों में कार्यरत पात्र शिक्षकों को आवेदन के दौरान अपना eHRMS कोड देना होगा। विशेष शिक्षकों के लिए निर्धारित शैक्षिक योग्यता और वैध RCI पंजीकरण जैसी शर्तें लागू होंगी।
150 सवालों का होगा प्रत्येक पेपर
पेपर-1 और पेपर-2 में 150-150 बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रत्येक पेपर 150 अंकों का होगा और अभ्यर्थियों को परीक्षा के लिए 150 मिनट मिलेंगे। परीक्षा में निगेटिव मार्किंग नहीं होगी। पेपर-1 में बाल विकास एवं शिक्षण विधि, हिंदी, दूसरी भाषा, गणित और पर्यावरण अध्ययन से प्रश्न होंगे। पेपर-2 में बाल विकास एवं शिक्षण विधि, हिंदी और दूसरी भाषा के अलावा गणित-विज्ञान अथवा सामाजिक अध्ययन/सामाजिक विज्ञान का विकल्प रहेगा।
आवेदन से पहले OTR जरूरी
अभ्यर्थियों को आवेदन से पहले वन टाइम रजिस्ट्रेशन (OTR) पूरा करना होगा। जिनका OTR पहले से है, वे उसी विवरण के आधार पर आवेदन कर सकेंगे। आवेदन और शुल्क जमा करने की अंतिम तारीख चार अक्टूबर है, जबकि आवेदन में संशोधन 8 अक्टूबर तक किया जा सकेगा।
तीन नवंबर को होगी स्पेशल टीईटी परीक्षा
आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक प्रवेश पत्र 1 नवंबर को जारी किए जाएंगे और परीक्षा तीन नवंबर को होगी। सामान्य, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस अभ्यर्थियों के लिए आवेदन शुल्क 1000 रुपये, एससी-एसटी के लिए 500 रुपये और दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए 300 रुपये निर्धारित है।
विशेष शिक्षकों के लिए भी महत्वपूर्ण अवसर
स्पेशल टीईटी में CWSN यानी विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को पढ़ाने वाले करीब 2500 विशेष शिक्षक और सहायक शिक्षक भी शामिल होंगे। इन शिक्षकों के लिए विशेष शिक्षा से जुड़ी निर्धारित योग्यता और अन्य पात्रता शर्तें पूरी करना जरूरी होगा।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश की पृष्ठभूमि
सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी की अनिवार्यता को लेकर सुप्रीम कोर्ट के मई 2026 के फैसले के बाद यह परीक्षा महत्वपूर्ण हो गई है। अदालत ने शिक्षकों को निर्धारित समयसीमा में टीईटी योग्यता हासिल करने का अवसर दिया है। ऐसे में यूपी में आयोजित होने वाली स्पेशल टीईटी से बड़ी संख्या में कार्यरत शिक्षकों को अपनी पात्रता पूरी करने का मौका मिलेगा।

