कानपुर में पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) दीपेन्द्र नाथ चौधरी ने जन-सुनवाई आयोजित कर नागरिकों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान संबंधित अधिकारियों को शिकायतों के समयबद्ध एवं प्रभावी निस्तारण के निर्देश दिए गए। जनहित से जुड़े मामलों को प्राथमिकता देने और नागरिकों के साथ सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
KANPUR/ कानपुर में नागरिकों की समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता देते हुए पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) दीपेन्द्र नाथ चौधरी ने मंगलवार, 10 जून 2026 को अपने कार्यालय में जन-सुनवाई आयोजित की। इस दौरान क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों से आए नागरिकों ने अपनी शिकायतें और समस्याएं डीसीपी के समक्ष रखीं। जन-सुनवाई के दौरान प्राप्त सभी शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। पुलिस विभाग द्वारा आयोजित इस जन-सुनवाई का मुख्य उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना और पुलिस-जन संवाद को मजबूत बनाना था।
जन समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर दर्ज करने के निर्देश
जन-सुनवाई के दौरान डीसीपी दक्षिण दीपेन्द्र नाथ चौधरी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक शिकायत को प्राथमिकता के आधार पर दर्ज किया जाए और उसके समाधान के लिए समयबद्ध कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे शिकायतकर्ताओं को कार्रवाई की प्रगति से नियमित रूप से अवगत कराते रहें।
त्वरित निस्तारण पर विशेष जोर
बैठक में डीसीपी दक्षिण ने पुलिसकर्मियों को निर्देशित किया कि नागरिकों की शिकायतों के समाधान में तेजी लाई जाए और हर शिकायत का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस का दायित्व केवल शिकायत दर्ज करना नहीं, बल्कि उसका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना भी है। इसके लिए प्रत्येक मामले की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए ताकि शिकायतकर्ता को समय पर न्याय मिल सके।
नागरिकों के सम्मानजनक व्यवहार पर दिया गया बल
जन-सुनवाई के दौरान डीसीपी दक्षिण ने पुलिसकर्मियों को नागरिकों के प्रति संवेदनशील और सम्मानजनक व्यवहार अपनाने की हिदायत दी।उन्होंने निर्देश दिया कि जन-सुनवाई में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को बैठने की उचित व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए और उनकी बातों को धैर्यपूर्वक सुना जाए। साथ ही शिकायतकर्ता को यह महसूस होना चाहिए कि उसकी समस्या को गंभीरता से लिया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया कि शिकायतों के समाधान के दौरान नागरिकों के साथ संवाद बनाए रखें और उन्हें कार्रवाई की स्थिति की जानकारी देते रहें।
बार-बार उत्पन्न होने वाली समस्याओं के स्थायी समाधान पर जोर
डीसीपी दक्षिण ने ऐसे मामलों की पहचान करने के निर्देश दिए जो स्थानीय स्तर पर बार-बार सामने आते हैं। उन्होंने कहा कि केवल अस्थायी समाधान पर्याप्त नहीं है, बल्कि समस्याओं के मूल कारणों को पहचानकर स्थायी समाधान की दिशा में कार्य किया जाना चाहिए। इसके लिए संबंधित थाना प्रभारियों और अधिकारियों को क्षेत्रीय स्तर पर नियमित समीक्षा करने और आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
पुलिस-जन संवाद को मजबूत बनाने की पहल
विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित जन-सुनवाई कार्यक्रम पुलिस और जनता के बीच विश्वास को मजबूत बनाने का प्रभावी माध्यम है। इससे नागरिकों को अपनी समस्याएं सीधे वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाने का अवसर मिलता है और पुलिस प्रशासन को जमीनी स्तर की चुनौतियों को समझने में सहायता मिलती है। डीसीपी दक्षिण द्वारा आयोजित यह जन-सुनवाई भी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है, जिसका उद्देश्य नागरिकों की शिकायतों का प्रभावी समाधान और बेहतर कानून-व्यवस्था सुनिश्चित करना है।
कानपुर में आयोजित इस जन-सुनवाई के माध्यम से पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) दीपेन्द्र नाथ चौधरी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जनसमस्याओं का समयबद्ध समाधान पुलिस की प्राथमिकता है। अधिकारियों को दिए गए निर्देशों से उम्मीद है कि नागरिकों की शिकायतों का निस्तारण अधिक प्रभावी और पारदर्शी तरीके से होगा। आने वाले दिनों में इन निर्देशों के क्रियान्वयन पर भी विशेष नजर रखी जाएगी।



