*केरल में वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल और सुरक्षा को लेकर सरकार नई व्यवस्था तैयार करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने 15 सितंबर 2026 को वरिष्ठ नागरिक नीति और प्रस्तावित Elder Care Bill की समीक्षा की।
भारत 19/ नई दिल्ली। केरल में बुजुर्गों की देखभाल और सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार ने एक अहम पहल की है। मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने 15 सितंबर 2026 को वरिष्ठ नागरिकों से संबंधित प्रस्तावित नीति और विधेयक की समीक्षा की। सरकार का जोर ऐसी व्यवस्था विकसित करने पर है, जिसके जरिए बुजुर्गों की सुरक्षा, देखभाल और कल्याण को मजबूत किया जा सके। मुख्यमंत्री की समीक्षा ऐसे समय में हुई है जब राज्य में वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग और व्यवस्थित सरकारी व्यवस्था तैयार करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
Elder Care Bill पर हुई समीक्षा
बैठक में Kerala Policy for Elders के मसौदे के साथ Kerala State Elderly Persons (Care and Protection) Bill 2026 पर चर्चा की गई। प्रस्तावित विधेयक का उद्देश्य बुजुर्गों की देखभाल और सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों को कानूनी आधार देने की दिशा में आगे बढ़ना है। सरकार की ओर से प्रस्तावित व्यवस्था में वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण को प्राथमिकता देने की बात सामने आई है। हालांकि, विधेयक अभी समीक्षा और प्रक्रिया के स्तर पर है, इसलिए इसके अंतिम प्रावधानों को लेकर अभी कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
‘बुजुर्गों को अकेला नहीं छोड़ेंगे’
मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने वरिष्ठ नागरिकों की स्थिति को लेकर सरकार का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि सरकार बुजुर्गों को अकेला नहीं छोड़ेगी और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाएगी। मुख्यमंत्री का यह बयान प्रस्तावित Elder Care Bill के महत्व को और बढ़ाता है। सरकार की कोशिश बुजुर्गों से जुड़े मामलों के लिए अधिक प्रभावी और व्यवस्थित तंत्र तैयार करने की बताई जा रही है।
वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग विभाग
वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग विभाग बनाने की पहल भी इस योजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है। रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस के नेतृत्व वाली UDF सरकार ने विधानसभा चुनाव के अपने घोषणापत्र में वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग विभाग बनाने का वादा किया था। इस तरह के अलग विभाग से बुजुर्गों से जुड़ी योजनाओं, नीतियों और कल्याणकारी कार्यक्रमों के समन्वय के लिए एक समर्पित प्रशासनिक व्यवस्था विकसित हो सकती है।
क्यों महत्वपूर्ण है यह कदम?
बढ़ती उम्र के साथ बुजुर्गों को स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा, आर्थिक सहायता और नियमित देखभाल जैसी कई जरूरतों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में सरकार की प्रस्तावित नीति और विधेयक वरिष्ठ नागरिकों के लिए सुरक्षा और देखभाल का व्यापक ढांचा तैयार करने की कोशिश के तौर पर देखे जा रहे हैं। हालांकि, इस पहल का वास्तविक प्रभाव इसके अंतिम प्रावधानों और लागू होने के तरीके पर निर्भर करेगा। आने वाले समय में सरकार की ओर से विधेयक को अंतिम रूप देने और आगे की प्रक्रिया को लेकर तस्वीर साफ हो सकती है।
केरल सरकार ने वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा और देखभाल को लेकर प्रस्तावित Elder Care Bill 2026 की समीक्षा कर प्रक्रिया को आगे बढ़ाया है। मुख्यमंत्री का बुजुर्गों को अकेला नहीं छोड़ने का संदेश इस पहल की प्राथमिकता को दर्शाता है। अब नजर विधेयक के अंतिम स्वरूप और उसके लागू होने की प्रक्रिया पर रहेगी।


