- नवनियुक्त अध्यक्ष मयंक खन्ना ने पदभार संभालते ही शाखा शुरू करने की प्रक्रिया का ऐलान किया; उद्योग और व्यापार की समस्याएं शासन तक पहुंचाने के लिए बढ़ेगा संवाद का दायरा
भारत 19
कानपुर। कानपुर के कारोबारियों और उद्योगों से जुड़े मुद्दों को अब लखनऊ में भी उठाने की तैयारी है। मर्चेंट्स चैंबर ऑफ उत्तर प्रदेश लखनऊ में अपनी शाखा शुरू करने जा रहा है। बुधवार को नए अध्यक्ष के रूप में जिम्मेदारी संभालने वाले मयंक खन्ना ने अधिष्ठापन समारोह में इसकी प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा की। शाखा खुलने के बाद चैंबर की शासन स्तर पर कारोबारी मुद्दों को रखने की पहुंच बढ़ने की उम्मीद है। स्टेटस क्लब में आयोजित समारोह में मयंक खन्ना ने अध्यक्ष और वर्षा सिंघानिया ने उपाध्यक्ष का पदभार संभाला। मुख्य अतिथि राजीव शुक्ला ने लखनऊ शाखा की पहल को कारोबार और उद्योग से जुड़े मुद्दों के लिहाज से अहम बताया।
अध्यक्ष बनते ही सामने रखा लखनऊ का प्लान
मयंक खन्ना के पदभार ग्रहण समारोह में सबसे अहम घोषणा लखनऊ शाखा को लेकर रही। यानी चैंबर अब केवल कानपुर तक अपनी गतिविधियों को सीमित रखने के बजाय राजधानी में अपनी मौजूदगी बनाने की तैयारी में है। लखनऊ में शाखा होने से शासन और प्रशासन के स्तर पर व्यापारिक मुद्दों को उठाने के लिए चैंबर को एक अतिरिक्त मंच मिल सकता है। हालांकि शाखा कब तक शुरू होगी, उसका कार्यालय कहां होगा और उसका संचालन किस ढांचे के तहत किया जाएगा, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
कारोबारियों की समस्याएं सरकार तक पहुंचाने पर जोर
अध्यक्ष मयंक खन्ना ने कहा कि चैंबर व्यापारियों की समस्याओं को प्रभावी ढंग से उठाने और व्यापारिक समुदाय के बीच समन्वय बढ़ाने के लिए काम करेगा। उनका फोकस कारोबारियों से जुड़े मुद्दों को सामने लाने के साथ उनके समाधान के लिए संबंधित स्तर पर संवाद कायम करने पर रहेगा। मुख्य अतिथि राजीव शुक्ला ने भी इसी भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कानपुर के कारोबारी उद्यमशील हैं और चैंबर को उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सरकार के साथ प्रभावी संवाद करना चाहिए।
पुराने नेतृत्व से नए कार्यकाल तक पहुंचा चैंबर
समारोह में निवर्तमान अध्यक्ष अभिषेक सिंघानिया ने अपने कार्यकाल की गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने ही लखनऊ शाखा शुरू करने की पहल सामने रखी थी। चैंबर के पूर्व अध्यक्षों और सदस्यों ने अभिषेक सिंघानिया को सर्वसम्मति से आजीवन संरक्षक की उपाधि भी प्रदान की। इसके साथ ही चैंबर में नए नेतृत्व के कार्यकाल की औपचारिक शुरुआत हुई।
लखनऊ में मौजूदगी से क्या बदलेगा?
लखनऊ शाखा की योजना का सीधा संबंध कानपुर के व्यापार और उद्योग से जुड़े मुद्दों को शासन के करीब ले जाने से है। कानपुर में कारोबारियों के सामने आने वाले नीतिगत, औद्योगिक और प्रशासनिक मुद्दों को चैंबर पहले से उठाता रहा है। अब राजधानी में शाखा बनने से सरकार के संबंधित विभागों के साथ नियमित संवाद के लिए स्थानीय व्यवस्था तैयार करने की कोशिश होगी। फिलहाल यह पहल घोषणा और प्रक्रिया शुरू करने के चरण में है। शाखा के औपचारिक रूप से शुरू होने और उसके कामकाज का ढांचा तय होने के बाद इसकी भूमिका और स्पष्ट होगी।


