भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर का 59वां दीक्षांत समारोह 15 जुलाई 2026 को आयोजित होने जा रहा है। इस भव्य समारोह में कुल 3104 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां प्रदान की जाएंगी, जिसमें इसरो से जुड़े ‘इन-स्पेस’ के अध्यक्ष डॉ. पवन गोयनका मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे।
कानपुर, 13 जुलाई: देश और दुनिया के प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों में शुमार भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर एक बार फिर अपने मेधावियों की सफलता का उत्सव मनाने के लिए तैयार है। संस्थान आगामी 15 जुलाई 2026 को अपना 59वां दीक्षांत समारोह आयोजित करने जा रहा है। इस दीक्षांत समारोह में देश-विदेश में अपनी तकनीकी प्रतिभा का लोहा मनवाने वाले विभिन्न पाठ्यक्रमों के कुल 3,104 विद्यार्थियों को उनके कठिन परिश्रम और उत्कृष्ट शोध के लिए डिग्रियां व उपाधियां प्रदान की जाएंगी।
संस्थान के प्रशासनिक विंग से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस पूरे गरिमामयी कार्यक्रम की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। परिसर में इस महत्वपूर्ण दिन को लेकर छात्र-छात्राओं, शोधार्थियों और प्राध्यापकों के बीच खासा उत्साह देखा जा रहा है।
अंतरिक्ष वैज्ञानिक डॉ. पवन गोयनका होंगे मुख्य अतिथि
इस वर्ष आयोजित हो रहे 59वें दीक्षांत समारोह को और अधिक खास बनाने के लिए भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन एवं प्राधिकरण केंद्र (इन-स्पेस) के अध्यक्ष और वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. पवन गोयनका मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। अंतरिक्ष और तकनीकी क्षेत्र में उनके व्यापक अनुभवों से संस्थान के युवा इंजीनियर और वैज्ञानिक रूबरू होंगे।
समारोह की अध्यक्षता आईआईटी कानपुर के वर्तमान निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल करेंगे। इस मंच से अकादमिक और सह-पाठ्यचर्या गतिविधियों में सर्वोच्च रैंक हासिल करने वाले उत्कृष्ट विद्यार्थियों को भारत के राष्ट्रपति स्वर्ण पदक (President’s Gold Medal) और निदेशक स्वर्ण पदक (Director’s Gold Medal) सहित संस्थान के कई प्रतिष्ठित मेडल और पुरस्कारों से नवाजा जाएगा।
विभिन्न पाठ्यक्रमों में दी जाने वाली डिग्रियों का विवरण
इस वर्ष दीक्षांत समारोह के मंच से उच्च शिक्षा और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में रिकॉर्ड संख्या में डिग्रियां बांटी जा रही हैं। संस्थान द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, विभिन्न शैक्षणिक विभागों से कुल 3,104 विद्यार्थियों को उपाधियां मिलेंगी, जिनका पाठ्यक्रमवार विवरण इस प्रकार है:
- पीएचडी (PhD): 390 शोधार्थी
- बीटेक (B.Tech): 852 विद्यार्थी
- एमटेक (M.Tech): 502 विद्यार्थी
- एमएस (MS): 212 विद्यार्थी
- एमएससी (M.Sc): 186 विद्यार्थी
- ड्यूल डिग्री (Dual Degree): 107 विद्यार्थी
- एमबीए (MBA): 59 विद्यार्थी
इसके अलावा, कामकाजी पेशेवरों और दूरस्थ शिक्षा को बढ़ावा देने वाले आईआईटी के विशेष ‘ई-मास्टर्स’ (e-Masters) कार्यक्रम के तहत भी इस वर्ष 492 विद्यार्थियों को उनकी डिग्रियां सौंपी जाएंगी।
दो सत्रों में आयोजन और पारंपरिक परिधान (Dress Code)
विद्यार्थियों की भारी संख्या और दीक्षांत की गरिमा को व्यवस्थित बनाए रखने के लिए पूरे कार्यक्रम को दो अलग-अलग सत्रों में विभाजित किया गया है। प्रथम मुख्य सत्र में पदक और विशेष उपाधियों का वितरण होगा, जबकि द्वितीय सत्र में सभी विभागों के विद्यार्थियों को उनकी व्यक्तिगत डिग्रियां दी जाएंगी ताकि हर छात्र अपनी इस ऐतिहासिक उपलब्धि को यादगार बना सके।
औपनिवेशिक काल की पुरानी गाउन संस्कृति को दरकिनार करते हुए इस वर्ष भी आईआईटी कानपुर के दीक्षांत समारोह में भारतीय पारंपरिक ड्रेस कोड (पारंपरिक भारतीय परिधान) का नियम लागू रहेगा। सभी छात्र-छात्राएं और शिक्षक भारतीय एथनिक वेशभूषा में ही मंच पर नजर आएंगे।
वर्ष 1959 में स्थापित आईआईटी कानपुर न केवल भारत बल्कि वैश्विक स्तर पर विज्ञान, इंजीनियरिंग, नवाचार और अनुसंधान का एक शीर्ष केंद्र है। संस्थान का यह 59वां दीक्षांत समारोह युवा मस्तिष्क को देश के विकास और तकनीकी आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित करने का एक बड़ा माध्यम बनेगा। अंतरिक्ष क्षेत्र के दिग्गज डॉ. पवन गोयनका की उपस्थिति नए स्नातकों को नवाचार के नए क्षितिज तलाशने की प्रेरणा देगी।


