कानपुर मेट्रो नेटवर्क को दिल्ली और नोएडा की तर्ज पर विस्तारित करने की तैयारी तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) ने 83.658 किलोमीटर लंबे सात नए मेट्रो रूट का प्रस्ताव शासन को भेजा है। प्रस्तावित विस्तार से उन्नाव, पनकी, रमईपुर, चकेरी एयरपोर्ट और ट्रांस गंगा सिटी जैसे प्रमुख क्षेत्रों को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ने की योजना है।
KANPUR/ कानपुर शहर में सार्वजनिक परिवहन को और अधिक आधुनिक, तेज और सुविधाजनक बनाने के लिए कानपुर मेट्रो के विस्तार की बड़ी योजना सामने आई है। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) ने 83.658 किलोमीटर लंबे सात नए मेट्रो कॉरिडोर का प्रस्ताव तैयार कर राज्य सरकार को भेज दिया है। प्रस्तावित विस्तार का उद्देश्य शहर के प्रमुख आवासीय, औद्योगिक, शैक्षणिक और व्यावसायिक क्षेत्रों को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ना है। यदि इस परियोजना को स्वीकृति मिलती है तो कानपुर के लाखों लोगों को ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी और यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा।
क्या है प्रस्तावित मेट्रो विस्तार योजना?
UPMRC द्वारा तैयार प्रस्ताव के अनुसार कुल 83.658 किलोमीटर लंबाई वाले सात नए रूट विकसित किए जाएंगे। इनमें लगभग 59.648 किलोमीटर एलिवेटेड और 24.01 किलोमीटर अंडरग्राउंड सेक्शन शामिल होंगे। संयुक्त महाप्रबंधक (जनसंपर्क) पंचानन मिश्रा के अनुसार, लखनऊ में हुई उच्चस्तरीय बैठक में यूपीएमआरसी के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार ने इस परियोजना की रूपरेखा प्रस्तुत की।
इन सात नए रूटों पर चल सकती है मेट्रो
1. उन्नाव से नमक फैक्ट्री (गुमटी नंबर-5)
करीब 35 किलोमीटर लंबा यह सबसे बड़ा प्रस्तावित कॉरिडोर होगा। इससे उन्नाव और कानपुर के बीच आवागमन और आसान हो जाएगा।
2. नौबस्ता से चकेरी एयरपोर्ट
लगभग 14.5 किलोमीटर लंबा यह रूट एयरपोर्ट कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएगा।
3. ख्योरा कटारी से ट्रांस गंगा सिटी
औद्योगिक क्षेत्रों को जोड़ने के लिए 9 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर प्रस्तावित है।
4. नौबस्ता से बर्रा
करीब 8 किलोमीटर लंबा यह मार्ग कॉरिडोर-1 और कॉरिडोर-2 के बीच बेहतर कनेक्शन उपलब्ध कराएगा।
5. नमक फैक्ट्री से पनकी
औद्योगिक क्षेत्र पनकी को जोड़ने के लिए 6 किलोमीटर लंबा नया रूट प्रस्तावित किया गया है।
6. नौबस्ता से रमईपुर
करीब 5.45 किलोमीटर लंबा यह कॉरिडोर दक्षिणी कानपुर को बेहतर कनेक्टिविटी देगा।
7. CSA से ख्योरा कटारी
लगभग 4.5 किलोमीटर लंबा यह छोटा लेकिन महत्वपूर्ण रूट होगा।
जल्द शुरू हो सकता है सेंट्रल से नौबस्ता सेक्शन
वर्तमान में कानपुर मेट्रो आईआईटी कानपुर से सेंट्रल स्टेशन तक संचालित हो रही है। अब सेंट्रल से नौबस्ता हंसपुरम तक 23.08 किलोमीटर लंबे सेक्शन पर भी जल्द मेट्रो संचालन शुरू होने की संभावना है। मेट्रो रेल सुरक्षा आयुक्त (CMRS) की तकनीकी टीम इस रूट का प्रारंभिक निरीक्षण पूरा कर चुकी है। अंतिम स्वीकृति मिलने के बाद इस रूट पर व्यावसायिक संचालन शुरू किया जा सकता है। नए सेक्शन के शुरू होने पर झकरकटी, ट्रांसपोर्ट नगर, बारादेवी, किदवई नगर, बसंत विहार, बौद्ध नगर और नौबस्ता जैसे क्षेत्रों को मेट्रो सुविधा मिलेगी। इससे मेट्रो स्टेशनों की संख्या 14 से बढ़कर 21 हो जाएगी। दक्षिण कानपुर के लाखों यात्रियों को रोजाना लगने वाले ट्रैफिक जाम से राहत मिलने की उम्मीद है।
किराया और सुविधाएं
आईआईटी से नौबस्ता तक पूरे 23.5 किलोमीटर सफर का किराया लगभग 60 रुपये प्रस्तावित है। यह यात्रा करीब 40 मिनट में पूरी हो सकेगी। इस रूट के लिए 29 आधुनिक मेट्रो ट्रेनें उपलब्ध कराई गई हैं। प्रत्येक ट्रेन में 974 यात्रियों की क्षमता और 200 सीटें हैं। यात्रियों को हर छह मिनट में मेट्रो उपलब्ध होगी।
कॉरिडोर-2 का काम भी तेजी से जारी
CSA से बर्रा-8 तक बनने वाले 8.6 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर-2 का लगभग 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। अधिकारियों के अनुसार यदि निर्माण कार्य तय समय पर चलता रहा तो वर्ष 2027 की शुरुआत में इस रूट पर ट्रायल रन शुरू किया जा सकता है।
कानपुर मेट्रो का प्रस्तावित 83 किलोमीटर विस्तार शहर की परिवहन व्यवस्था में बड़ा बदलाव ला सकता है। उन्नाव, पनकी, रमईपुर, एयरपोर्ट और औद्योगिक क्षेत्रों को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ने से यात्रा आसान होगी, ट्रैफिक दबाव कम होगा और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। हालांकि परियोजना के अगले चरण के लिए राज्य सरकार की नीतिगत मंजूरी और डीपीआर तैयार होना अभी बाकी है।



