- 1 सितंबर से तीन महीने के लिए बंद होना था पुल, डायवर्जन रूट पर सहमति नहीं बनने से फैसला टला, सात दिन बाद फिर होगी समीक्षा
भारत 19
कानपुर। कानपुर को उन्नाव और लखनऊ से जोड़ने वाले पुराने जाजमऊ गंगा पुल को तीन महीने के लिए बंद करने की योजना फिलहाल टल गई है। एक सितंबर से पुल पर यातायात रोककर मरम्मत शुरू होनी थी, लेकिन प्रस्तावित डायवर्जन रूट को लेकर उन्नाव प्रशासन की सहमति नहीं बन सकी। इसके चलते फिलहाल पुल बंद करने का फैसला रोक दिया गया है।
डायवर्जन रूट पर सहमति नहीं बनने से अटका फैसला
जाजमऊ गंगा पुल की मरम्मत के दौरान यातायात पूरी तरह बंद रखने की योजना बनाई गई थी। पुल बंद होने पर कानपुर से उन्नाव और लखनऊ की ओर आने-जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए जाने थे। इसके लिए दोनों जिलों के प्रशासन और संबंधित विभागों के बीच समन्वय जरूरी है। डायवर्जन व्यवस्था को लेकर सहमति नहीं बन पाने के कारण एक सितंबर से प्रस्तावित ट्रैफिक ब्लॉक लागू नहीं किया गया। अब वैकल्पिक मार्गों और यातायात व्यवस्था पर फिर से विचार किया जाएगा। करीब सात दिन बाद स्थिति की समीक्षा के बाद पुल बंद करने को लेकर अगला निर्णय लिया जा सकता है।
तीन महीने तक चलना है जाजमऊ पुल का मरम्मत कार्य
पुराने जाजमऊ गंगा पुल पर जरूरी मरम्मत कार्य के लिए करीब तीन महीने का समय प्रस्तावित है। इस दौरान पुल पर यातायात रोककर मरम्मत कराने की योजना है। पुल कानपुर और उन्नाव के बीच प्रमुख संपर्क मार्ग होने के कारण इसके बंद होने से रोजाना बड़ी संख्या में आने-जाने वाले यात्रियों और वाहनों पर असर पड़ सकता है।
सरैया ओवरब्रिज की स्थिति भी बनेगी अहम
वैकल्पिक यातायात व्यवस्था में सरैया रेलवे ओवरब्रिज की स्थिति भी महत्वपूर्ण है। ओवरब्रिज का काम पूरा नहीं होने की स्थिति में डायवर्जन रूट पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। ऐसे में प्रशासन के सामने पुल की मरम्मत शुरू कराने से पहले सुचारू यातायात के लिए व्यावहारिक वैकल्पिक व्यवस्था तैयार करने की चुनौती है। फिलहाल पुराने जाजमऊ गंगा पुल पर यातायात सामान्य रूप से जारी है। तीन महीने की प्रस्तावित बंदी और डायवर्जन को लेकर अंतिम निर्णय अगले चरण की समीक्षा के बाद होने की उम्मीद है।

