- कैट ने प्रधानमंत्री से सर्वोत्तम जीवन रक्षा पदक देने की अपील, गंभीर खतरे के बीच सूझबूझ और कर्तव्यनिष्ठा से संभावित बड़ी त्रासदी टालने में भूमिका का हवाला
भारत 19
कानपुर। फ्लाईदुबई विमान से जुड़े संभावित बड़े हादसे को अपनी सूझबूझ, साहस और कर्तव्यनिष्ठा से टालने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार को देश के प्रतिष्ठित ‘सर्वोत्तम जीवन रक्षा पदक’ से सम्मानित किए जाने की मांग उठी है। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के राष्ट्रीय संयुक्त महासचिव पंकज अरोड़ा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से विशेष आग्रह करते हुए कहा कि कैप्टन मच्छार की भूमिका असाधारण साहस और जिम्मेदारी का उदाहरण है। कैप्टन मच्छार ने जिस तरह धैर्य बनाए रखते हुए अपने दायित्व का निर्वहन किया, उसे राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलनी चाहिए।
संकट की घड़ी में जिम्मेदारी को दी प्राथमिकता
पंकज अरोड़ा ने कहा कि कैप्टन मच्छार ने विपरीत परिस्थितियों में जिस तरह संयम और जिम्मेदारी का परिचय दिया, वह विमानन क्षेत्र के साथ-साथ युवाओं के लिए भी प्रेरणादायक है। उनके अनुसार, आपात स्थिति में लिए गए निर्णय कई लोगों की सुरक्षा तय करते हैं और ऐसे अवसरों पर दिखाई गई पेशेवर प्रतिबद्धता को सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मानवीय जीवन की रक्षा के लिए कठिन परिस्थितियों में किए गए प्रयासों को राष्ट्रीय सम्मान मिलने से समाज में जिम्मेदारी, अनुशासन और दूसरों की सुरक्षा के प्रति संवेदनशीलता का संदेश जाता है।
राष्ट्रीय सम्मान से मिलेगा सकारात्मक संदेश
कैट ने कहा कि असाधारण परिस्थितियों में दूसरों की जान बचाने के लिए किए गए प्रयासों को पहचान मिलना केवल संबंधित व्यक्ति का सम्मान नहीं होगा, बल्कि इससे समाज में मानवीय जीवन के महत्व और कर्तव्य के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश भी जाएगा। संगठन के मुताबिक कैप्टन मच्छार की भूमिका इस बात का उदाहरण है कि संकट की स्थिति में पेशेवर जिम्मेदारी किस तरह मानवीय सुरक्षा से जुड़ जाती है। ऐसे मामलों में राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान से आपात परिस्थितियों में काम करने वाले लोगों का मनोबल भी बढ़ सकता है।
सरकार से पुरस्कार प्रक्रिया शुरू करने का आग्रह
कैट ने केंद्र सरकार से मामले पर गंभीरता से विचार करने और कैप्टन स्मित मच्छार को ‘सर्वोत्तम जीवन रक्षा पदक’ दिए जाने की प्रक्रिया शुरू करने का आग्रह किया है। संगठन का कहना है कि जीवन की रक्षा के लिए असाधारण परिस्थितियों में किए गए प्रयासों को राष्ट्रीय सम्मान दिया जाना समाज के लिए सकारात्मक संदेश होगा। पंकज अरोड़ा ने प्रधानमंत्री से इस मामले पर विशेष ध्यान देने का आग्रह करते हुए कहा कि कैप्टन मच्छार के प्रयासों को उचित राष्ट्रीय सम्मान मिलना चाहिए।


